Friday, 3 October, 2008

फैशन के अंदाज

---- चुटकी----
फैशन के भी
देखो लफ़ड़े
कपड़े हैं
फ़िर भी
बिन कपड़े,
चमके फीगर
दिखे कटाव
ये कैसा फैशन
ये क्या चाव,
भाई की शर्म न
बाप का लिहाज
कलयुग में चला
ये कैसा रिवाज।
----गोविन्द गोयल

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