Thursday, 18 September, 2008

समाज के ठेकेदार

श्रीगंगानगर में अग्रवाल समाज के कई ठेकेदार अपने अपने तरीके से समाज को एक जुट करने के लिए सेवा में लगे है। सब अलग अलग संगठनों के माध्यम से ऐसा कर रहें हैं। ऐसा ही एक संगठन है अग्रोहा विकास ट्रस्ट। इस संगठन को श्री नन्द किशोर गोयन्का जी ने तन मन धन से सींच कर वट वृक्ष बनाया। यहाँ जो इस संस्था को कई सालों से अपने कंधे पर उठाये घूम रहें हैं उनकी कहानी कुछ अलग प्रकार की है। अध्यक्ष जी तो कई सालों से आर एफ सी के डिफाल्टर हैं। कई लाख का लोन चुकाया नहीं। आरएफसी ने अपनी रकम के लिए जरुरी कार्यवाही कर फाइल तहसीलदार ऑफिस में भिजवा दी। २००६ से फाइल वहां पड़ी है। मगर कोई कार्यवाही नहीं हुई। नीचे स्तर पर फाइल अटकी रही । आज तहसीलदार ने अपने डीलिंग कर्मचारी को बुलाकर तुंरत कार्यवाही करने के आदेश दिए। कर्मचारी को उस बैंक से इस आदमी की सम्पति और खातो की डिटेल लेने के निर्देश दिए गए जिस बैंक के पैनल में वह वल्युअर है। इसी संगठन के महामंत्री के खिलाफ एक व्यापारिक संगठन ने उसके सहायक महाप्रबंधक को शिकायत भेजी है। इस संगठन का आरोप है कि यह महामंत्री अपने बैंक के ग्राहकों से चंदा लेते हैं और डरा कर पैसा बटोरते हैं। संगठन के एक पदाधिकारी ने बताया कि इस शिकायत की जाँच शुरू हो गई है। बैंक के शाखा प्रबंधक ने बताया कि वे तीन चार दिन पहले ही आयें हैं। उन्होंने जल्दी ही जानकारी देने का भरोसा दिलाया। ट्रस्ट के अन्य पदाधिकारी हो सकता है इन बातों के बारे में ना जानते हों। ज्ञात रहे कि ट्रस्ट की ओर से रविवार को अग्र प्रतिभा सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा। उसमे अग्रोहा निर्माण समिति के अध्यक्ष श्री नन्द किशोर गोयन्का मुख्य अतिथि होंगें।

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