Monday, 19 April, 2010

कम हुआ गरूर

---- चुटकी----

क्यों
थरूर,
कम हुआ
कुछ गरूर।

7 comments:

Udan Tashtari said...

थोड़ा सा!

Shobhna Choudhary said...

bilkul sahi likha aapne

डॉ. मनोज मिश्र said...

नारायण -नारायण.

पी.सी.गोदियाल said...

जरूर, जरूर !!

Shekhar kumawat said...

bahut khub



shekhar kumawat


http://kavyawani.blogspot.com

usha rai said...

मै हूँ बहुत मगरूर !!!

कुमार संभव said...

वाह मजेदार ....... अब मोदी पे हो जाये .......
अब किसे छिपो गे गोदी......
बता मेरे ललित मोदी ..........