Tuesday, 3 February, 2009

पचास घंटे का अवरोध

श्रीगंगानगर में ५० घंटे बाद इन्टरनेट सेवा बहाल हो सकी। शनिवार की शाम अचानक भारतीय दूर संचार निगम की केबल कटने से बहुत बड़े इलाके में इन्टरनेट ठप्प हो गई। इस से बड़ी संख्या में उपभोग्ता प्रभावित हुए। दो दिन तक साइबर बंद रहे। लेकिन नगर से प्रकाशित होने वाले कई प्रमुख अखबारों में इस बात का कोई जिक्र तक नहीं। जबकि निगम के ऑफिस में इस बारे में शिकायतों का अम्बार लगा हुआ था। सन्डे को ऑफिस बंद था कुछ नही हो सका। सोमवार को ऑफिस खुला तब खराबी को ठीक करने का काम शुरू हुआ जो रात को ओके हो सका। सन्डे को तो निगम की फोन सेवा भी अस्त व्यस्त रही। इन्टरनेट की चाल तो अभी भी नोर्मल नहीं हो पाई है। हाँ इतना जरुर है कि कुछ करने लायक जरुर हो गए। साइबर संचालकों को दो दिन ठाले बैठे रहना पड़ा, पर निगम को क्या फर्क पड़ता है।

2 comments:

संगीता पुरी said...

जी हां ....जनता की परेशानियों से निगम को क्‍या मतलब ?

इष्ट देव सांकृत्यायन said...

यह आपकी मुश्किल है जी. इससे निगम को क्या. देश की राजधानी दिल्ली में कई बार 8-8 दिन टेलीफोन की लाइनें कटी रह जाते हैं.