Sunday 13 June 2010

अतिथि देवो भव

---- चुटकी----

अब समझें हैं
अफजल
और कसाब,
भारत में
अतिथि देवो भव
का
क्या अर्थ है जनाब।

3 comments:

Udan Tashtari said...

देर से समझे! :)

निर्मला कपिला said...

हम भी समझ गये।

कमलेश भगवती प्रसाद वर्मा said...

agar isi tarah hum inhe samjhayenge.

.ye kya hazaron kasab daude chale aayenge.

...badhiya amayik avm goodh vishay par sunder chutki ..badhyee